मानपुर के बृजेश नगर में हटाया गया अतिक्रमण, मल्टी ट्रैकिंग रेल परियोजना के तहत बिछाई जा रही रेलवे लाइन, विस्थापित लोगों को दी जा रही दो-दो डिसिमल जमीन

Deobarat Mandal

देवब्रत मंडल

image editor output image1827291579 17684712268031183756699369624866 मानपुर के बृजेश नगर में हटाया गया अतिक्रमण, मल्टी ट्रैकिंग रेल परियोजना के तहत बिछाई जा रही रेलवे लाइन, विस्थापित लोगों को दी जा रही दो-दो डिसिमल जमीन
अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई

पूर्व मध्य रेल के सोननगर-गया-मानपुर-अंडाल मल्टी ट्रैकिंग रेलवे परियोजना पर गया जिले में द्रुत गति से निर्माण कार्य जारी है। इस परियोजना में मौजूदा लाइन का बहु-ट्रैकिंग (चौगुनी) करना शामिल है। इसके लिए अलग से रेलवे लाइन बिछाई जा रही है। जो लगभग 374.53 किलोमीटर लंबी है। यह पूर्वी समर्पित माल गलियारे (ईडीएफसी) पर भीड़ कम करने और माल/यात्री आवागमन को बढ़ावा देने के लिए महत्वपूर्ण है। इसमें भूमि अधिग्रहण और पुल निर्माण कार्य किया जा रहा है। 2025-26 के लिए पूर्वी मध्य रेलवे (ईसीआर) की पिंक बुक और ईपीसी मोड के माध्यम से कार्य कर रही है।

अधिग्रहित भूमि पर निर्माण कार्य जारी

इस परियोजना पर कार्य करने वाली एजेंसी एलएंडटी के एक अधिकारी ने बताया कि गया जिले में भूमि अधिग्रहण के बाद अधिग्रहित भूमि पर रेलवे लाइन बिछाने का कार्य जारी है। इसी क्रम में मानपुर अंचल के वार्ड नंबर 47 अंतर्गत बृजेश नगर में बने कई झोपड़ियों(अतिक्रमण) को हटाने की कार्रवाई गुरुवार को अधिकारियों की मौजूदगी में कराई गई।

76 अतिक्रमणकारियों के विरुद्ध हुई कार्रवाई

यहां मौजूद पदाधिकारियों ने बताया कि इन सबों को पूर्व में नोटिस तामिला करा दिया गया था। इसके बाद 76 अतिक्रमणकारियों को हटाने का कार्य किया गया। इसके लिए पर्याप्त संख्या में जेसीबी मशीन के अलावा मजदूरों को लगाया गया था। इसके बाद रेलवे इस खाली कराए गए स्थान पर अपनी परियोजना क्रियान्वित कर सकेगी।

विस्थापित हुए लोगों को रूपसपुर में बसाया जाएगा

सदर एसडीएम अनिल कुमार रमन ने बताया कि बृजेश नगर में विस्थापित परिवारों को पुनर्वास एवं पुनर्व्यवस्था नीति 2013 (कानून) के तहत मानपुर अंचल के रुपसपुर में विस्थापित परिवारों को 2-2 डिसिमल जमीन मुहैया कराई गई है। जहां इन्हें बसाया जाएगा।

इन अधिकारियों की उपस्थिति में हटाया गया अतिक्रमण

इस मौके पर सदर एसडीएम अनिल कुमार रमन, एसडीपीओ वजीरगंज सुनील कुमार पांडेय, प्रतिनियुक्त दंडाधिकारी सीओ सुबोध कुमार, रेलवे के डिप्टी चीफ इंजीनियर शशि कुमार, राजस्व अधिकारी मोनू कुमार, पंचायती राज पदाधिकारी, मानपुर प्रखंड, रंजीत अवस्था, प्रखंड कल्याण पदाधिकारी राजीव कुमार, बुनियादगंज थानाध्यक्ष धर्मेंद्र कुमार के अलावा पर्याप्त संख्या में पुलिस बल मौजूद रहे।

परियोजना का विवरण

परियोजना का दायरा: सोननगर और अंडाल के बीच 374.53 रूट किलोमीटर (rkm) का मल्टी-ट्रैकिंग (प्रभावी रूप से चौगुना करना), ईडीएफसी के साथ एकीकरण, जिसकी लागत लगभग ₹12,334 करोड़ है।

इसके पूरा हो जाने से लाभ : पूर्वी रेलवे के अनुसार, इससे भीड़भाड़ कम होगी, इससे अधिक गति की ट्रेनों के परिचालन शुरू कराने में मिल का पत्थर साबित होगा। अधिकतम 160 किमी प्रति घंटे तक की गति से ट्रेन परिचालन संभव हो जाएगी। इसके अलावा अतिरिक्त यात्री ट्रेनें चलाई जा सकती हैं, सुरक्षा में सुधार भी होगा। बताते चलें कि पीपीपी(प्राइवेट पब्लिक पार्टनरशिप) मोड की विफलता के बाद, डीएफसीसीआईएल की भागीदारी के साथ ईपीसी (इंजीनियरिंग, प्रोक्योरमेंट, कंस्ट्रक्शन) मॉडल को अपनाया गया।

वर्तमान स्थिति: इस परियोजना पर कार्य शुरू है। जिसकी की सूचना अगस्त 2023 में ही जारी की जा चुकी थी। गया जिले में भूमि अधिग्रहण पूरा हो चुका है तो यहां काम जारी है।

Share This Article
Leave a Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *