देवब्रत मंडल

अंतरराष्ट्रीय पर्यटन स्थल बोधगया के मस्तपुरा गांव निवासी प्लंबर मिस्त्री विकास कुमार के बैंक खाते में अचानक 294 करोड़ 80 लाख रुपए का ट्रांजेक्शन दिखने से हड़कंप मच गया है।
पहले तकनीकी खराबी समझा
विकास ने बताया कि जब पहली बार खाते में इतनी बड़ी रकम का ट्रांजेक्शन दिखा तो उसे तकनीकी खराबी या बैंक की भूल लगी। तसल्ली के लिए उसने साइबर कैफे जाकर दोबारा बैलेंस चेक करवाया। वहां भी वही आंकड़ा दिखा।
लेनदेन करने से डरा
इतनी बड़ी रकम देखकर विकास डर गया है। उसे लग रहा है कि जियो पेमेंट बैंक अकाउंट से अब कोई भी लेनदेन करना खतरे से खाली नहीं है। सूझबूझ दिखाते हुए उसने फिलहाल खाते से कोई ट्रांजेक्शन नहीं किया है।
परिवार और गांव में चर्चा
एक मामूली प्लंबर के खाते में 294.80 करोड़ का ट्रांजेक्शन कोई छोटी बात नहीं है। घटना के बाद से घर वाले और जान-पहचान के लोग तरह-तरह के सवाल कर रहे हैं, लेकिन विकास के पास कोई जवाब नहीं है।
बैंक की तरफ से चुप्पी
अब तक संबंधित बैंक के किसी भी जिम्मेदार अधिकारी ने इस मामले पर मीडिया को अधिकृत जानकारी नहीं दी है। यह साफ नहीं हो पाया है कि इतनी बड़ी रकम विकास के खाते में किसने भेजी या फिर यह बैंक की तकनीकी गलती है।
सोशल मीडिया पर वायरल
खबर सोशल मीडिया पर आग की तरह फैल रही है। लोग इसे बैंकिंग सिस्टम की बड़ी चूक बता रहे हैं। वहीं कुछ लोग इसे मनी लॉन्ड्रिंग से जोड़कर देख रहे हैं।
थानाध्यक्ष रखे हुए नजर
फिलहाल विकास बैंक के जवाब का इंतजार कर रहा है। मामले की जांच के बाद ही साफ होगा कि यह तकनीकी गड़बड़ी है या इसके पीछे कोई और खेल है। वहीं बोधगया थाना प्रभारी पूरे प्रकरण पर नजर बनाए हुए हैं।
बैंक अधिकारी का बयान नहीं उपलब्ध
इस बैंक का मुख्यालय महाराष्ट्र(मुंबई) में है लेकिन इस बैंक के किसी स्थानीय शाखा/पदाधिकारी का कांटेक्ट नंबर उपलब्ध नहीं हो सक पाने की वजह से उनका पक्ष नहीं लिया जा सका है।
