GRP-RPF पर FIR न दर्ज करने का आरोप, स्टाफ की मिलीभगत का संदेह
देवब्रत मंडल

चलती ट्रेन में यात्रियों के समान चोरी होने या फिर झपट लिए जाने का मामला इन दिनों बढ़ गया मालूम होता है। इस बार इंजीनियरिंग की पढ़ाई कर शोध कार्य करने वाले एक यात्री के साथ पलामू एक्सप्रेस में चोरी की घटना हुई है। यात्री प्रियंकर का कहना है कि वे गढ़वा रोड से अपना सफर शुरू कर गया जंक्शन पहुंचे थे। इनका कहना है कि उनका एसी कोच से लगेज बैग चोरी हो गया। पीड़ित यात्री प्रियंकर कुमार ने रेल मंत्री और रेलवे अधिकारियों को शिकायत भेजकर FIR दर्ज करने और जांच की मांग की है। यात्री का आरोप है कि शिकायत के बाद भी GRP/RPF ने गंभीरता नहीं दिखाई।
क्या है पूरा मामला?
दरभंगा जिले के रहने वाले यात्री प्रियंकर कुमार ने बताया कि 06 मई को ट्रेन संख्या 13347 के कोच B4, बर्थ 33 और 36 पर यात्रा कर रहे थे। यात्रा के दौरान उनका लगेज बैग एसी 3 टियर कोच से चोरी हो गया। घटना के बाद उन्होंने तुरंत GRP/RPF थाने में सूचना दी, लेकिन आरोप है कि न तो FIR दर्ज की गई और न ही कोई ठोस कार्रवाई हुई।
रेल स्टाफ पर मिलीभगत का आरोप
पीड़ित ने बताया कि उन्होंने इस बात और घटना की शिकायत रेलमंत्री से भी की है। जिसमें उन्होंने लिखा है कि एसी कोच में बिना कोच अटेंडेंट, टीटीई या सुरक्षा कर्मियों की लापरवाही के चोरी संभव नहीं है। यात्रियों को रेलवे पर भरोसा होता है, मगर इस तरह की घटनाएं डर पैदा करती हैं।
पटना में दर्ज कराई शिकायत
उन्होंने बताया कि जब यहां उनकी नहीं सुनी गई तो पटना पहुंचने पर रेल थाना में अपनी शिकायत दर्ज कराई है। उन्होंने बताया कि जो बैग चोरी गई है। उसमें उनका Dell कंपनी का लैपटॉप, मोबाइल चार्जर, बैंक का पासबुक, सोने की कान की बाली, चांदी के पायल व कुछ कपड़े भी थे।
पीड़ित की समस्या
उन्होंने बताया कि पटना रेल थाना के पुलिस पदाधिकारी ने उनकी शिकायत पत्र की प्राप्ति दिए हैं, लेकिन जबतक एफआईआर की प्रति नहीं मिलती है तो उनके साथ कई परेशानी होगी।
पीड़ित यात्री प्रियंकर कुमार ने मांग की है:
- चोरी की घटना पर तत्काल FIR दर्ज हो।
- निष्पक्ष जांच कराई जाए।
- ड्यूटी पर तैनात कोच अटेंडेंट, टीटीई और सुरक्षा कर्मियों की भूमिका की जांच हो।
- दोषियों पर सख्त कार्रवाई हो।
- एसी कोचों में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत की जाए।
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